भारत बनेगा 'ज्ञान की महाशक्ति'- निशंक

भारत बनेगा 'ज्ञान की महाशक्ति'- निशंक

नईदिल्ली [ महामीडिया] केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ रमेश पोखरियाल' निशंक'ने कहा कि नई शिक्षा नीति 'कैरेक्टर बिल्डिंग' से लेकर 'नेशन बिल्डिंग' तक भारतीय मूल्यों पर आधारित है जिसमें इंडियन, इंटरनेशनल, इंपैक्टफुल, इंटरएक्टिव और इन्क्लूसिविटी जैसे तत्वों शामिल हैं और इस नीति में हर भारतीय की आकांक्षाएं, स्वप्न और एक दूरगामी सोच है जो भारत को विश्व पटल पर 'ज्ञान की महाशक्ति' के रूप में स्थापित करेगी डॉ निशंक ने आज आईआईटी बॉम्बे द्वारा नई शिक्षा नीति पर आयोजित एक वर्कशॉप का उद्घाटन किया और कहा कि प्रतिवर्ष हम 11 नवंबर को हमारे देश के प्रसिद्ध शिक्षाविद एवं प्रथम शिक्षा मंत्री अबुल कलाम आजाद के जन्म दिवस को राष्ट्रीय शिक्षा दिवस के रुप में मनाते हैं और मुझे खुशी है कि आईआईटी बॉम्बे ने राष्ट्रीय शिक्षा दिवस को ध्यान में रखकर आज नई शिक्षा नीति के ऊपर कार्यशाला आयोजित की है। उन्होनें कहा कि हम अपनी नई शिक्षा नीति में 'जय अनुसंधान'की सोच के साथ ज्ञान-विज्ञान-अनुसंधान के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करने हेतु एक दृढ़ संकल्प लेकर आगे बढ़ रहे हैं और मुझे बेहद खुशी है कि यह संस्थान भी इसी सोच के साथ शोध तथा नवाचार के क्षेत्र में पूरे समर्पण के साथ कार्यरत है और इसी का उदाहरण है कि आज यहां उत्कृष्ट अनुसंधानकतार्ओं को रिसर्च एक्सीलेंस अवार्ड का भी प्रदान किया जा रहा है।
 

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